प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और सीएम मोहन यादव लगातार लोगों से वैश्विक संकट को लेकर अपील कर रहे हैं कि पेट्रोल-डीजल कम खर्च करें। वहीं, उनकी नसीहत की धज्जियां मध्य प्रदेश में बीजेपी के नेता उड़ा रहे हैं।
बीजेपी नेता सौभाग्य सिंह को हाल ही में पाठ्य पुस्तक निगम का अध्यक्ष बनाया गया है। इसके बाद वह सैकड़ों गाड़ियों के साथ पदभार ग्रहण करने भोपाल पहुंचे हैं।
दरअसल, सौभाग्य सिंह ठाकुर उज्जैन से हैं। वह एमपी में पाठ्य पुस्तक निगम के अध्यक्ष बने हैं। भोपाल आकर उन्हें कार्यभार संभालना था। वह उज्जैन से सैकड़ों गाड़ियों का काफिला लेकर निकले। हाईवे पर कई किलोमीटर तक उनके साथ गाड़ियां चल रही थी। एक साथ इतनी गाड़ियों की वजह से लोगों को भी परेशानी का सामना करना पड़ा है।
वहीं, उज्जैन से भोपालकी ओर जैसे-जैसे उनका काफिला बढ़ते जा रहा था, वैसे-वैसे हाईवे पर ट्रैफिक की रफ्तार धीमी पड़ती जा रही थी। समर्थकों की संख्या गाड़ियों के साथ बढ़ती जा रही थी। हाईवे पर चल रहे वाहन चालकों को जाम से जूझना पड़ा है। सोशल मीडिया पर सौभाग्य सिंह ठाकुर के काफिले के कई वीडियो वायरल हो रहे हैं।
वीडियो को लेकर विवाद बढ़ा तो मीडिया से बात करते हुए सौभाग्य सिंह ठाकुर ने कहा कि मैं उज्जैन के मंगरौला गांव का रहने वाला हूं। मैं घर से परिवार के लोगों के साथ निकला था तो 25 गाड़ियां मेरे साथ थी। रास्ते में यह काफिला बढ़ते चला गया। उन्होंने कहा कि मुझे नहीं पता चला कि मेरे साथ इतनी गाड़ियां चल रही हैं। हालांकि उन्होंने अपनी गलती स्वीकार करने से इनकार कर दिया।
पीएम-सीएम ने की है अपील
गौरतलब है कि वैश्विक संकट की वजह से पीएम और सीएम ने पेट्रोल-डीजल के उपयोग को लेकर लोगों से अपील की है। लोगों से कहा है कि आप कम से कम अपील करें। मगर सौभाग्य सिंह ठाकुर के काफिले को लेकर एमपी की राजनीति गरम हो गई है।



