होम शिवराज
shivaraaj-ka-yah-phaisala

शिवराज का यह फैसला.....

शिवराज सरकार के तीसरे कार्यकाल के आखिरी दिनों में सामने आए ई-टेंडरिंग घोटाले को सामने लाने का श्रेय भी मनीष रस्तोगी के खाते में दर्ज है। वे इस मामले के एक महत्वपूर्ण गवाह हैं। इस घोटाले के उजागर होने के बाद उन्हें मध्यप्रदेश इलेक्ट्रानिक्स डेवलपमेंट कार्पोरेशन में सचिव और एमडी के पद से हटाया गया था। तीसरे कारण से मनीष रस्तोगी को याद करना चाहे तो कमलनाथ सरकार में राजस्व विभाग के प्रशासनिक मुखिया रहते ही मध्यप्रदेश के किसानों को प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी की कृषक सम्मान निधि का फायदा नहीं मिला। इसके तहत हर किसान को साल में तीन किश्तों में छह हजार रूपए केन्द्र सरकार से मिलने थे। मध्यप्रदेश के किसानों को यह नहीं मिले तो इसका जिम्मेदार कमलनाथ के साथ मनीष रस्तोगी को भी माना जा सकता है। फिर आखिर क्या कारण बना कि आम तौर पर कम से कम राजनेताओं को रास नहीं आ सकने वाले एक अफसर को मुख्यमंत्री सचिवालय में शिवराज ने प्राथमिकता से शामिल किया।  आगे पढ़ें

cm-shivraj-communicated-via-facebook-live-said-kee

सीएम शिवराज ने फेसबुक लाइव के माध्यम से किया संवाद, कहा- सोशल डिस्टेंसिंग रखें, आइसोलेशन में रहें, भयभीत न हों, अफवाहों पर ध्यान न दें

मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने रविवार को फेसबुक लाइव के माध्यम से प्रदेश की जनता से सीधा संवाद किया। मुख्यमंत्री ने कहा कि कोरोना संकट में सरकार पूरी तरह आपके साथ है। सोशल डिस्टेंसिंग रखें, आइसोलेशन में रहें, भयभीत न हों, अफवाहों पर ध्यान न दें। हम इस संकट पर पूरी तरह विजय प्राप्त करेंगे। मुख्यमंत्री ने लोगों के सवालों के जवाब भी दिए और समस्याओं का समाधान भी दिया।उन्होंने मकान मालिकों से कहा कि वे मानवता के नाते कोरोना संकट के दौरान किरायेदारों से मकान खाली न कराएं और फिलहाल किराए के लिए दबाव न बनाएं। स्वास्थ्य कर्मियों से भी मकान खाली नहीं कराया जाएं। उन्होंने फैक्ट्री मालिकों से कहा कि वे अपने मजदूरों का इस संकट की घड़ी में पूरा ध्यान रखें। उनके भोजन, आवास आदि की समुचित व्यवस्था करें।  आगे पढ़ें

cm-shivraj-to-take-stock-of-the-city-amidst-panic-

कोरोना वायरस की दहशत के बीच शहर का जायजा लेने सीएम शिवराज, चौराहों पर तैनात पुलिसकर्मियों की हौसला अफजाई की, सफाई कर्मियों की तारीफ की

कोरोनावायरस की दहशत के बीच लोगों की हिम्मत बढ़ाने के लिए मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान शनिवार को भोपाल में शहर का जायजा लेने पहुंचे। इस दौरान उन्होंने खुद की सुरक्षा का पूरा ख्याल रखा। उन्होंने मास्क और ग्लब्ज पहन रखा है। शिवराज सोशल डिस्टेंसिंग का मैसेज भी दे रहे और लोगों से पर्याप्त दूरी बनाकर बात कर रहे हैं। सीएम ने अचानक शहर में घूमने का निर्णय लिया। शाम को मुख्यमंत्री की पत्नी साधना सिंह बेटे कार्तिकेय के साथ अयोध्यानगर में जरूरतमंद लोगों को किराने का सामान वितरित करने पहुंचे।  आगे पढ़ें

shivraj-holds-high-level-meeting-to-rescue-from-co

कोरोना से बचाव के लिए शिवराज ने की उच्च स्तरीय बैठक, लोगों से की सावधानी बरतने की अपील

मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने कोरोना वायरस के प्रकोप से बचाव के लिये सभी प्रदेशवासियों से अपील की है कि पूरी सावधानी बरतें। चौहान ने कहा कि मध्यप्रदेश में कोरोना को किसी भी स्थिति में फैलने नहीं दिया जाएगा। राज्य सरकार इसके लिए सभी आवश्यक प्रबंध कर रही है। राज्य में मेडिकल कॉलेज और अन्य निजी क्षेत्र के बड़े अस्पताल, स्पेसिफिक अस्पताल के रूप में कार्य करेंगे।  आगे पढ़ें

weeping-over-this-behavior-of-always

काहे को रोना, हमपेशा के इस आचरण पर

लेकिन मीडिया अगर भीड़ में बदलता नजर आ रहा है तो इसका कारण इसका ग्लेमर भी है। हालांकि यह दूर के ढोल सुहावने जैसा है। लेकिन इस भीड़ ने वास्तविक पत्रकारों के लिए बेहतर काम करने के रास्ते में बाधाएं खड़ी कर दी है। चाहे मुख्यमंत्री की पत्रकार वार्ता हो या फिर विधानसभा के सत्र, वहां ऐसे ढेरों फालतू घूम रहे होते हैं जिन्हें न कहीं लिखना होता है न पढ़ना। या इस प्रक्रिया से उनका कोई वास्ता ही नहीं है। लेकिन विडम्बना यह है कि इस पेशे में शामिल होने के कोई तय मापदंड ही नहीं है। लिहाजा, ढाई सौ से ज्यादा मीडिया कर्मी इस समय अपने परिवारों के साथ दहशत में जी रहे हैं। read more  आगे पढ़ें

shivraj-announced-relief-package-for-those-affecte

शिवराज ने की कोरोना से प्रभावितों के लिए राहत पैकेज की घोषणा, सामाजिक सुरक्षा पेंशन का होगा दो माह का एडवांस भुगतान

मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने आज यहां मंत्रालय से वीडियो कान्फ्रेंसिंग के माध्यम से सभी आयुक्तों, आईजी, जिला कलेक्टरों, एसपी, सीएमएचओ, नगर निगम आयुक्तों, नगर पालिका, सीएमओ से कोरोना वायरस की रोकथाम और प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के 21 दिन के देशव्यापी लाकडाउन के आह्वान के संबंध में चर्चा की । मुख्यमंत्री ने लॉकडाउन के कारण उत्पन्न होने वाली स्थिति और इससे प्रभावित वर्गों के लिये सहायता पैकेज की देने की बात की । उन्होंने कहा कि प्रदेश के 46 लाख पेंशनर्स को 600 रु. प्रतिमाह सामाजिक सुरक्षा योजना अंतर्गत रुपए 275 करोड़ प्रतिमाह भुगतान किया जा रहा है। सभी प्रकार के सामाजिक सुरक्षा पेंशन, विधवा पेंशन, वृद्धा अवस्था पेंशन निराश्रित पेंशन इत्यादि का दो माह का एडवांस भुगतान किया जायेगा।  आगे पढ़ें

this-game-of-alcohol-among-the-need-of-medicine

दवा की जरूरत के बीच दारू का यह खेल

शिवराज ने तेरह साल के मुख्यमंत्रित्वकाल में शराब को लेकर कठोर कदम उठाए। उनका पूरा प्रयास रहा कि इस सामान की बिक्री कम हो। इस गरज से ऐसी नीति अमल में लायी गयी थी, जिससे हर साल खुद-ब-खुद इसकी दुकानों की संख्या कम होती चली जाए। किंतु पहले जनता कर्फ्यू और अब 21 दिन के देशव्यापी लॉक डाउन के बावजूद राज्य में कई जगह जिस तरह शराब की उपलब्धता दिखी, उससे यही सवाल उठता है कि क्या शिवराज के नशे को लेकर खयाल बदल गये हैं? क्या ऐसा हो गया है कि राजस्व प्राप्ति के फेर में उन्होंने अपनी विचारधारा से समझौता कर लिया है। खुद प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने केरोना संकट की गंभीरता को देखते हुए स्वास्थ्य सुविधाओं के लिए 15 हजार करोड़ रुपए के पैकेज का ऐलान किया है। अगले वित्त वर्ष में मध्यप्रदेश में शराब से मिलने वाले राजस्व की अनुमानित राशि 13 हजार करोड़ के आसपास रहनी है। तो फिर ऐसा क्यों नहीं हो रहा कि मदिरा से होने वाली आमदनी की चिंता छोड़कर यह सुनिश्चित किया जाए कि राज्य में महामारी के इस बड़े संकट के दौर में लाकडाउन तक कम से कम शराब दुकानों पर भी ताले जड़ दिए जाएं। read more  आगे पढ़ें

shivraj-won-the-trust-in-the-assembly-not-a-single

शिवराज ने विधानसभा में जीता विश्वासकमत, कोरोना की वजह से सदन नहीं पहुंचा कांग्रेस का एक भी विधायक

मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने मंगलवार को विश्वास मत हासिल कर लिया। सुबह 11 बजे विधानसभा की कार्यवाही शुरू हुई। चूंकि कोरोना की वजह से कांग्रेस का एक भी विधायक सदन में नहीं पहुंचा, इसलिए शिवराज ने सर्वसम्मति से विश्वास मत जीत लिया। सभी विधायकों ने हां कहकर विश्वास मत प्रस्ताव पारित कर दिया। इससे पहले स्पीकर एनपी प्रजापति ने इस्तीफा दे दिया था। इस वजह से विधायक जगदीश देवड़ा ने कार्यवाही पूरी कराई। इसके बाद विधानसभा का सत्र 27 मार्च सुबह 11 बजे तक स्थगित कर दिया गया।  आगे पढ़ें

shivraj-will-face-two-challenges-first-floor-test-

शिवराज के सामने होंगी दो चुनौतियां, पहला फ्लोर टेस्ट, इसके बाद 24 सीटों पर उप चुनाव, जीतनी होंगी 9 सीटें

शिवराज सिंह चौहान ने सोमवार रात 9 बजे मध्यप्रदेश के मुख्यमंत्री पद की शपथ ली। 20 मार्च को कमलनाथ के इस्तीफे के बाद सीएम पद की दौड़ में शिवराज ही सबसे मजबूत दावेदार थे। मध्यप्रदेश के इतिहास में पहला मौका है, जब किसी नेता ने चौथी बार मुख्यमंत्री पद की शपथ ली। शिवराज के सामने दो चुनौतियां होंगी। पहली फ्लोर टेस्ट की, जिसे वे फिलहाल आसानी से पार कर लेंगे। इसके बाद 6 महीने के भीतर 24 विधानसभा सीटों पर होने वाले उप-चुनाव की। इन 24 सीटों में से शिवराज को अपनी सत्ता कायम रखने के लिए कम से कम 9 सीटें जीतनी होंगी।  आगे पढ़ें

shiv-raj-again-sworn-in-madhya-pradesh-as-32nd-chi

मप्र में फिर शिव राज, शिवराज ने चौथी बार 32वें मुख्यमंत्री के रुप में ली शपथ, कहा- कोरोना से निपटना पहली प्राथमिकता

शिवराज सिंह चौहान ने सोमवार रात 9 बजे मध्यप्रदेश के 32वें मुख्यमंत्री के रूप में शपथ ली। शपथ ग्रहण समारोह सिर्फ 6 मिनट तक चला। वे मध्यप्रदेश के इतिहास में ऐसे पहले नेता हैं, जो चौथी बार सीएम बन गए हैं। शपथ के बाद उन्होंने कहा कि यह मौका उत्सव का नहीं है। एक ट्वीट भी किया, इसमें लिखा- प्राथमिकता कोरोना वायरस से मुकाबला, बाकी सब बाद में होगा। शिवराज इससे पहले 2005 से 2018 तक लगातार 13 साल सीएम रह चुके हैं। 20 मार्च को कमलनाथ के इस्तीफे के बाद सीएम पद की दौड़ में शिवराज ही सबसे मजबूत दावेदार थे। शिवराज के अलावा अब तक अर्जुन सिंह और श्यामाचरण शुक्ल तीन-तीन बार सीएम रहे हैं।  आगे पढ़ें

Previous 1 2 3 4 5 6 7 8 9 10  ... Next 

प्रमुख खबरें

राज्य

राजनीति