भारतीय जनता पार्टी के सांसद निशिकांत दुबे के मराठी लोगों पर दिए बयान पर बवाल मचा हुआ है। मामले पर महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने मंगलवार 08 जुलाई को स्पष्ट करते हुए कहा कि उनका मानना है कि टिप्पणी मराठी समुदाय के लिए नहीं बल्कि कुछ संगठनों के लिए थी, जिन्होंने इस विवाद को हवा दी।
इसके साथ ही उन्होंने दुबे को नसीहत देते हुए कहा कि मेरा मानना है कि निशिकांत दुबे का बयान पूरी तरह से सही नहीं है। इसके अलावा उन्होंने देश के विकास में महाराष्ट्र के योगदान को याद करते हुए कहा कि देश के विकास में महाराष्ट्र के योगदान को कोई नकार नहीं सकता या भूल नहीं सकता, अगर कोई ऐसा करता है तो यह पूरी तरह से गलत होगा। सीएम फडणवीस ने आगे कहा, मेरे विचार में इस तरह के बयान देना ठीक नहीं है, क्योंकि इसका जो मतलब निकलता है वो लोगों के मन में भ्रम पैदा करता है।
क्या है मामला?
देवेंद्र फडणवीस का ये स्पस्टीकरण एमएनएस प्रमुख राज ठाकरे की हालिया टिप्पणी पर निशिकांत दुबे की प्रतिक्रिया पर आया है, जिसने महाराष्ट्र में राजनीतिक तूफान खड़ा कर दिया है। राज ठाकरे ने मराठी में बात करने के लिए तैयार नहीं लोगों का जिक्र करते हुए अपनी पार्टी के कार्यकर्ताओं को निर्देश देते हुए कहा था कि मारें लेकिन वीडियो न बनाएं।
निशिकांत दुबे ने दी कड़ी प्रतिक्रिया
इस पर बीजेपी सांसद ने कहा, “क्या कह रहे हो? किसकी रोटी खा रहे हो? तुम लोग हमारे पैसे से जी रहे हो। तुम्हारे पास किस तरह के उद्योग हैं? झारखंड, मध्य प्रदेश, छत्तीसगढ़ और ओडिशा में सारी खदानें हमारी हैं। तुम्हारे पास कौन सी खदाने हैं? सारी सेमीकंडक्टर रिफाइनरियां गुजरात में हैं। अगर आपमें हिंदी बोलने वलों को पीटने की हिम्मत है तो उनको भी पीटने की हिम्मत होनी चाहिए जो उर्दू, तमिल और तेलुगु बोलते हैं। अगर आप इतने ही बड़े बॉस हैं तो महाराष्ट्र से बाहर आएं- बिहार, उत्तर प्रदेश, तमिलनाडु। तुमको पटक-पटक के मारेंगे।”