मध्य प्रदेश में पुलिस उप निरीक्षक और सूबेदार भर्ती प्रक्रिया में बड़े बदलाव की तैयारी चल रही है। प्रस्ताव के अनुसार अब अभ्यर्थियों को चार चरणों के बजाय केवल दो चरणों की परीक्षा देनी होगी। इस संबंध में पुलिस मुख्यालय द्वारा प्रस्ताव तैयार किया जा रहा है, जिसे शासन को भेजा जाएगा।
दो चरणों में पूरी होगी भर्ती प्रक्रिया
नए प्रस्ताव के तहत प्रारंभिक परीक्षा और लिखित परीक्षा को मिलाकर एक ही परीक्षा आयोजित की जाएगी। इस परीक्षा में वस्तुनिष्ठ और विषयनिष्ठ दोनों प्रकार के प्रश्न शामिल होंगे। इसके अलावा शारीरिक दक्षता परीक्षा (PPT) और साक्षात्कार भी एक साथ आयोजित किए जाएंगे। पीपीटी पास करने वाले अभ्यर्थियों का उसी दिन इंटरव्यू लिया जाएगा, जिससे उन्हें बार-बार आने की जरूरत नहीं पड़ेगी।
साक्षात्कार के अंक घटाने का प्रस्ताव
भर्ती प्रक्रिया को अधिक पारदर्शी बनाने के लिए साक्षात्कार के अंक 50 से घटाकर 10 करने का प्रस्ताव है। अधिकारियों के अनुसार इससे चयन प्रक्रिया में पक्षपात की संभावना कम होगी और मेरिट अधिक निष्पक्ष तरीके से तैयार हो सकेगी।
अभ्यर्थियों को होंगे कई फायदे
इस बदलाव से उम्मीदवारों को कई लाभ मिलेंगे। उन्हें अब दो बार परीक्षा देने के बजाय केवल एक बार परीक्षा देनी होगी, जिससे समय और खर्च दोनों की बचत होगी। साथ ही परीक्षा परिणाम भी जल्दी घोषित किए जा सकेंगे। पीपीटी और इंटरव्यू एक ही दिन होने से प्रक्रिया और सरल हो जाएगी।
पिछले 15 वर्षों में चौथी बार बदलाव
गौरतलब है कि पिछले 15 वर्षों में यह चौथी बार है जब भर्ती नियमों में बदलाव किया जा रहा है। वर्ष 2012 तक केवल एक लिखित परीक्षा होती थी, जबकि 2014 से 2017 के बीच नियमों में बदलाव किए गए।
वर्ष 2025 में फिर चार चरणों की प्रक्रिया लागू की गई, जिसके तहत 500 पदों पर भर्ती प्रक्रिया वर्तमान में जारी है। अब अगली भर्ती से पहले नए बदलाव लागू करने की तैयारी है।
जल्द भेजा जाएगा प्रस्ताव
पुलिस मुख्यालय 500 पदों पर भर्ती के लिए शीघ्र ही शासन को प्रस्ताव भेजने की तैयारी में है। प्रस्ताव को मंजूरी मिलने के बाद नई प्रणाली लागू की जाएगी।



