मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने क्रिस्प के 29वें स्थापना दिवस कार्यक्रम के लिए जारी वीडियो संदेश में कहा कि सेंटर फॉर रिसर्च एंड इंडस्ट्रियल स्टाफ परफॉर्मेंस (क्रिस्प) के केन्द्रों का विस्तार संभाग स्तर तक किया जाएगा।
प्रदेश में औद्योगिक और निवेश गतिविधियों के विस्तार के परिणाम स्वरूप कुशल श्रमिकों की मांग लगातार बढ़ रही है। इसके दृष्टिगत प्रदेश में कौशल उन्नयन के लिए आवश्यक प्रशिक्षण उपलब्ध कराने के उद्देश्य से क्रिस्प के केन्द्रों की संभाग स्तर पर स्थापना से प्रदेश के युवाओं को लाभ होगा।
यह पहल प्रदेश के युवाओं को रोजगारपरक कार्यों से जोड़कर उनके जीवन में सकारात्मक बदलाव लाने और देश-प्रदेश की प्रगति में सहायक होगी। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी “पीएम मित्र पार्क” के भूमि-पूजन के लिए 25 अगस्त को बदनावर-धार आ रहे हैं। भविष्य में इस क्षेत्र में कुशल श्रमिकों की मांग बढ़ेगी। अत: संभाग स्तर पर क्रिस्प के केन्द्र स्थापित करने की शुरुआत उज्जैन से की जाएगी।
इस अवसर पर राज्यपाल मंगूभाई पटेल ने कहा कि भारत में रोज़गार अवसरों को बढ़ाने के लिए ‘फोरलेन मॉडल’ कारगर भूमिका निभा सकता है। इसमें विकेंद्रीकरण, स्वदेशी, उद्यमिता और सहकारिता शामिल हैं। ऐसा देखा गया है जब देश में सहकारिता आधारित उद्योग सक्रिय होते हैं तो देश में सामाजिक समरसता को भी गतिशीलता मिलती है। राज्यपाल पटेल ने कहा कि आज भी भारत के युवाओं को सर्वाधिक रोजगार देने वाला क्षेत्र कृषि है। लगभग 35 प्रतिशत युवा कृषि पर ही निर्भर है। भारत में लगभग 11 करोड़ लोगों ने लघु और कुटीर उद्योगों के माध्यम से स्वरोजगार को अपनाया है, जो रोज़गार के लगभग 20 प्रतिशत से अधिक है। उन्होंने कहा कि संस्थान, प्रशिक्षण प्रयासों में स्किल डेवलपमेंट के साथ स्किल अपडेशन के नए कार्यक्रमों का आयोजन करें।
क्रिस्प कौशल विकास का प्रतिष्ठित केन्द्र: मंत्री परमार
उच्च शिक्षा, आयुष और तकनीकी शिक्षा मंत्री इंदर सिंह परमार ने कहा कि क्रिस्प कौशल विकास का प्रतिष्ठित केन्द्र है। बदलते समय के साथ संस्थान को नई जरूरतों के अनुरूप नए पाठ्यक्रम चलाना चाहिए।
कार्यक्रम में बरकतउल्ला विश्वविद्यालय भोपाल, क्रांतिसूर्य टंट्या भील विश्वविद्यालय खरगौन और देवी अहिल्या विश्वविद्यालय इंदौर के साथ क्रिस्प के सहकार्यता अनुबंध (एम.ओ.यू.) का आदान-प्रदान किया गया। राज्यपाल पटेल का क्रिस्प के प्रबंध संचालक डॉ. कांत पाटिल ने पुष्पगुच्छ, शॉल और स्मृति चिन्ह भेंट कर अभिनंदन किया।
डॉ. पाटिल ने संस्थान के कार्यों, उद्देश्यों और उपलब्धियों की विस्तार से जानकारी दी। आभार क्रिस्प के संचालक अमोोल वैद्य ने माना। कार्यक्रम में बरकतउल्ला विश्वविद्यालय के कुलगुरू सुरेश कुमार जैन, आर.जी.पी.वी. विश्वविद्यालय के कुलगुरू राजीव त्रिपाठी, क्रिस्प के वरिष्ठ अधिकारी, कर्मचारी और प्रशिक्षणार्थी उपस्थित थे।
क्रिस्प ने बड़ी संख्या में किया प्रशिक्षित
प्रदेश में 1997 में भारत-जर्मन तकनीकी सहयोग समझौते के तहत स्थापित तकनीकी शिक्षा एवं कौशल विकास विभाग की स्वशासी संस्था क्रिस्प प्रदेश की अग्रणी संस्थाओं में से एक है। विगत 28 वर्षों से यह संस्था कौशल विकास, औद्योगिक प्रशिक्षण, क्षमता निर्माण और तकनीकी शिक्षा के क्षेत्र में गतिविधियां संचालित कर रही है। क्रिस्प ने प्रदेश के लगभग एक लाख 50 हजार विद्यार्थियों, 1500 प्रशिक्षकों और राज्य शासन के 10 हजार से अधिक अधिकारी-कर्मचारियों को प्रशिक्षण प्रदान किया है।