मध्य प्रदेश में विधानसभा का मानसून सत्र चल रहा है। आज सत्र के चौथे दिन नेता प्रतिपक्ष उमंग सिंघार ने प्रदेश में बिगड़ती कानून व्यवस्था का मामला उठाया। उन्होंने कहा हाल ही ड्रग्स मामले के आरोप में गिरफ्तार किए गए शारिक मछली को लेकर कहा कि सरकार उसको बचाने में लगी है।
सिंघार ने विधानसभा सत्र के दौरान कहा कि प्रदेश में अपराधों की बाढ़ आई हुई है और सरकार अपराधियों को संरक्षण देने का काम कर रही है। उन्होंने आरोप लगाते हुए इस बात का जिक्र किया कि जहां मीडिया की पहुंच नहीं होती है ऐसे दूरस्थ और ग्रामीण इलाकों में अपराध की घटनाएं लगातार बढ़ रही हैं। वहां त्वरित कार्रवाई भी नहीं हो रही है।
शारिक मछली को सत्ता का संरक्षण
नेता प्रतिपक्ष ने गुजरात में पकड़े गए 1800 करोड़ रुपये के ड्रग्स मामले का जिक्र करते हुए कहा कि अब प्रदेश में शारिक मछली, शरीफ मछली जैसे तस्कर भी सामने आ रहे हैं। उन्हें छुड़ाने में सरकार के लोग खुद लगे हुए हैं। सिंघार ने आरोप लगाया कि ड्रग्स माफिया को सत्ता का संरक्षण प्राप्त है।
21000 हजार से अधिक बेटियां और महिलाएं लापता
सिंघार ने कहा कि सरकार अपराधों का वर्गीकरण कर आंकड़ों को छिपाने का प्रयास कर रही है, जबकि जमीनी सच्चाई यह है कि प्रदेश में 21,000 से अधिक बेटियां और महिलाएं लापता हैं। बड़े अपराधों का जिक्र करते हुए सिंघार ने कहा कि गृह विभाग मुख्यमंत्री के पास है और विधायकों पर ही झूठे प्रकरण दर्ज किए जा रहे हैं।
72 घंटे से अधिक समय बीत जाने के बाद भी कोई निर्णय नहीं लिया गया है, तो इससे स्पष्ट है कि सरकार विपक्ष की आवाज दबाने का प्रयास कर रही है।
इसके बाद सरकार की ओर से कानून व्यवस्था पर दिए गए जवाब से असंतुष्ट होकर कांग्रेस विधायकों ने सदन में विरोध किया और बाद में वॉकआउट कर दिया।