कांग्रेस को चुनाव आयोग का सहारा: एक दिन में की पांच शिकायतें, अनूपपुर से बिसाहूलाल को पद से हटाने और डबरा-सांची में अधिकारियों के खिलाफ खोला मोर्चा



भोपाल। मध्य प्रदेश में उप चुनावों को लेकर जहां एक ओर दोनों पार्टी प्रचार में अपनी ताकत झोंक रही हैं, वहीं कांग्रेस इस मामले में भाजपा प्रत्याशी और मंत्रियों के खिलाफ चुनाव आयोग पहुंच गया है। उसने अनूपपुर से भाजपा प्रत्याशी बिसाहूलाल सिंह को पद से हटाए जाने के साथ ही सुरखी, ग्वालियर, डबरा और सांची में अधिकारियों के खिलाफ मोर्चा खोला है। इस संबंध में कांग्रेस ने पांच पत्र रविवार को चुनाव आयोग को लिखे हैं। इसमें उन्होंने भाजपा और उनके उम्मीदवारों पर सरकारी मशीनरी का दुरुपयोग करने के आरोप लगाए हैं। पहला पत्र- अनूपपुर: अनूपपुर विधानसभा क्षेत्र से भाजपा प्रत्याशी और मंत्री बिसाहूलाल सिंह को पद से हटाए जाने की मांग की है


इसमें कहा गया है कि खाद्य मंत्री बिसाहूलाल पद का दुरुपयोग कर रहे हैं। शासकीय गेहूं के भंडारण की कालाबाजारी कर व्यापारियों को फायदा पहुंचा रहे हैं। उन पर गेहूं की चोरी के भी आरोप लगाए गए हैं। कहा- बिसाहूलाल ने जानवर और पशुओं को खिलाए जाने वाले चावल गरीबों को बंटवा दिए। कांग्रेस नेता जेपी धनोपिया ने यह शिकायत की है। दूसरा पत्र- सुरखी: सुरखी विधानसभा क्षेत्र में निष्पक्ष चुनाव कराए जाने के लिए 9 अधिकारियों को दूसरी जगह ट्रांसफर करने की बात कही गई है।


इसमें कहा गया है कि डिप्टी कलेक्टर संतोष चंदेल, मुख्य कार्यपालन अधिकारी जनपद पीएल पटेल, प्रभारी अधिकारी महिला और बाल विकास भारत सिंह राजपूत, सहायक उपनिरीक्षक किसी उपज मंडी महेश सिंह राजपूत, एनआरएलएम ब्लॉक प्रबंधक अभिषेक ठाकुर, तहसीलदार राहतगढ़ रामनिवास चौधरी, प्रभारी प्राचार्य शासकीय हाईस्कूल अनिल मिश्रा, थाना प्रभारी जैसीनगर तोमर यहां भाजपा प्रत्याशी और मंत्री गोविंद सिंह राजपूत के पक्ष में काम कर रहे हैं। इन्हें दूसरी जगह भेजा जाए। तीसरा पत्र- ग्वालियर: ग्वालियर विकास प्राधिकरण के मुख्य कार्यपालन अधिकारी एसएस गौर को हटाने की मांग की गई है।


इसमें कहा गया है कि एसएस गौर पिछले 10 वर्षों से ग्वालियर-चंबल संभाग के अंचलों ग्वालियर, मुरैना और शिवपुरी में ही पदस्थ रहे हैं। इनके द्वारा हाल ही में भू-माफियाओं से चुनाव के नाम पर बड़ी राशि एकत्र कर भाजपा प्रत्याशियों को चुनाव फंड के नाम पर पहुंचाने का कार्य किया जा रहा है। ग्वालियर गृह निर्माण सहकारी समिति के पर्दे के पीछे के अध्यक्ष मयंक मिश्रा जो समिति के अध्यक्ष नहीं है। समिति के अध्यक्ष पद पर अपने किसी ड्राइवर, नौकर को रखते हैं। उनका इस्तेमाल केवल हस्ताक्षर करने के लिए करते हैं। राशि का संपूर्ण लेन-देन स्वयं करते हैं। तीसरा पत्र- सांची: सांची विधानसभा क्षेत्र के जिला रायसेन के निरीक्षक नापतौल विभाग को हटाए जाने की मांग की है।


इसमें कहा गया है की डॉक्टर प्रभु राम चौधरी ने जेके भावसागर निरीक्षक नापतौल विभाग होशंगाबाद को अपने क्षेत्र सांची जिला में स्थानांतरण कराया है। इसके आदेश आचार संहिता जारी होने के पूर्व की पुरानी तारीख में जारी कराया गया है। जिसकी शिकायत पूर्व में चुनाव को की जा चुकी है। जिसका सत्यापन एवं पूर्ति निरीक्षक नापतौल विभाग के रिलीव होने एवं ज्वाइन करने की तारीख की जा सकती है। रायसेन में पदस्थ राजीव सचदेवा निरीक्षक दतिया के स्थानातंरण के आदेश भी तत्काल रद्द किए जाएं। पांचवां पत्र- डबरा: इसमें कहा गया है कि इमरती देवी डबरा विधानसभा से भाजपा प्रत्याशी के रूप में चुनाव लड़ रही हैं। राजीव सिंह पिछले जुलाई 2017 से अपने पद पर हैं, जिनका 3 वर्ष का कार्यकाल पूरा हो चुका। लेकिन महिला बाल विकास मंत्री इमरती देवी के संरक्षण में अभी भी ग्वालियर में पदस्थ हैं। विभाग में पदस्थ आंगनबाड़ी कार्यकतार्ओं में पोषण आहार प्रदान करने वाले समूहों को अपने पद से प्रभावित करते हुए अपने समूचे कार्य में भाजपा के पक्ष में खुलकर प्रचार कर रहा है। राजीव सिंह जिला कार्यक्रम अधिकारी महिला बाल विकास विभाग को तत्काल प्रभाव से स्थानांतरित किया जाए।


वेब खबर

वेब खबर



प्रमुख खबरें

राज्य

राजनीति