दलित की बारात रोके जाने पर यह चिंता जताई इस पूर्व मुख्यमंत्री ने



अहमदाबाद





किसी समय गुजरात के मुख्यमंत्री रहे  राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (राकांपा) नेता शंकरसिंह वाघेला ने गुजरात में दलित बारातों को कुछ समूहों द्वारा रोके जाने की हाल की घटनाओं की मंगलवार को निंदा करते हुए कहा कि इस तरह का भेदभाव हिंदुत्व पर कलंक है।  उन्होंने हिंदू गुरुओं के साथ-साथ लोगों से सभी जातियों और समुदायों के बीच सौहार्द्रता कायम करने के लिए अभियान चलाने का अनुरोध किया। उन्होंने कहा, ‘मैं दलितों को बारात ना निकालने देने की ऐसी घटनाओं की निंदा करता हूं। यह हिंदुत्व पर कलंक है। अकेले कानून इससे नहीं निपट सकता। पूरे समाज को एकजुट होकर इस बुराई से लड़ने और सौहार्द्रता स्थापित करने की जरूरत है।’ उन्होंने आगाह किया कि इस तरह के भेदभाव से दलित हिंदू धर्म को छोड़ देंगे और दूसरे धर्मों में परिवर्तित हो जाएंगे।  इस साल की शुरूआत में राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी में शामिल हुए वाघेला ने जल संकट को लेकर गुजरात में भाजपा सरकार की भी आलोचना की। उन्होंने दावा किया कि इस संकट से करीब 70 फीसदी गांव और शहर प्रभावित हैं।  उन्होंने कहा कि गुजरात राकांपा टीम आगामी दिनों में गुजरात के राज्यपाल ओपी कोहली का हस्तक्षेप मांगने के लिए उनसे मुलाकात करेगी।

loading...



प्रमुख खबरें

राज्य

राजनीति